
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ‘मन की बात’ के 132वें एपिसोड में वैश्विक परिस्थितियों और देश की ऊर्जा सुरक्षा पर महत्वपूर्ण बातें साझा कीं। उन्होंने विशेष रूप से अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच जारी युद्ध के प्रभाव पर चर्चा की।
मुख्य बिंदु:
• वैश्विक संकट और भारत: पीएम ने स्वीकार किया कि युद्ध प्रभावित क्षेत्र भारत की ऊर्जा जरूरतों का मुख्य केंद्र है, जिससे दुनिया भर में ईंधन का संकट बना हुआ है। हालांकि, उन्होंने भरोसा दिलाया कि भारत अपने मजबूत वैश्विक संबंधों के कारण इस चुनौती का मजबूती से सामना कर रहा है।
• अफवाहों पर ध्यान न दें: प्रधानमंत्री ने नागरिकों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया या अन्य माध्यमों पर फैल रही गलत जानकारियों और अफवाहों के बहकावे में न आएं। सरकार द्वारा जारी आधिकारिक सूचनाओं पर ही विश्वास करें।
• भारतीयों की सुरक्षा: खाड़ी देशों में रह रहे करीब एक करोड़ भारतीयों की सुरक्षा को लेकर पीएम ने उन देशों का आभार व्यक्त किया जो संकट के समय भारतीयों की मदद कर रहे हैं।
• एकजुटता की अपील: उन्होंने कहा कि यह समय राजनीति का नहीं, बल्कि 140 करोड़ देशवासियों की एकजुटता का है। जैसे हमने पहले बड़े संकटों को हराया है, वैसे ही इस बार भी हम सफल होंगे।
छत्तीसगढ़ (CG) अपडेट: क्या है नया नियम?
वर्तमान में आपूर्ति को सुचारू बनाए रखने के लिए प्रशासन द्वारा मॉनिटरिंग सख्त कर दी गई है। सरकार का मुख्य उद्देश्य जमाखोरी रोकना और यह सुनिश्चित करना है कि ईंधन का वितरण केवल वास्तविक उपभोक्ताओं को ही हो। किसी भी प्रकार की ‘राशनिंग’ या ‘बिक्री प्रतिबंध’ की आधिकारिक पुष्टि केवल सरकारी आदेशों के माध्यम से ही करें।
विशेष नोट: पेट्रोल-डीजल की उपलब्धता को लेकर पैनिक न करें। तेल कंपनियों और सरकार के पास पर्याप्त बैकअप योजनाएं मौजूद हैं।
महासमुंद जिला विशेष: पेट्रोल-डीजल की स्थिति और आज के दाम
प्रधानमंत्री मोदी की अपील के बाद महासमुंद जिला प्रशासन भी सतर्क है। जिले में ईंधन की आपूर्ति को लेकर किसी भी तरह की घबराहट (Panic) की आवश्यकता नहीं है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल अपनी जरूरत के अनुसार ही ईंधन खरीदें।
स्थानीय अपडेट:

• आपूर्ति: महासमुंद शहर सहित पिथौरा, बसना और सरायपाली के पेट्रोल पंपों पर स्टॉक पर्याप्त बताया जा रहा है।
• प्रशासन की नजर: जिला प्रशासन और खाद्य विभाग की टीम पेट्रोल पंपों पर स्टॉक की निगरानी कर रही है ताकि कहीं भी अवैध भंडारण या कृत्रिम कमी पैदा न हो।
• अपील: पंपों पर अनावश्यक भीड़ न लगाएं। भारत सरकार के पास अगले 60 से 70 दिनों का पर्याप्त तेल भंडार सुरक्षित है।

नोट: ईंधन की कीमतों में वैश्विक युद्ध और कच्चे तेल की दरों के आधार पर हर सुबह 6 बजे मामूली संशोधन होता है।










