महासमुंद पुलिस का ‘ऑपरेशन निश्चय’: नशे के सौदागरों और अपराधियों के बीच खौफ, 10 घंटे में करोड़ों का माल जब्त

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महासमुंद। जिले में जब से पुलिस कप्तान (SP) और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ASP) ने कमान संभाली है, अपराधियों के हौसले पस्त हो चुके हैं। जिले में कानून व्यवस्था इतनी सख्त हो गई है कि चोरी, हत्या या तस्करी जैसे अपराध करने वाले चंद घंटों के भीतर ही सलाखों के पीछे नजर आ रहे हैं। विशेषकर अवैध शराब और मादक पदार्थों के काले कारोबार पर पुलिस ने ऐसी चोट की है कि तस्करों की कमर टूट चुकी है।

नशे के खिलाफ महासमुंद पुलिस की सर्जिकल स्ट्राइक

“ऑपरेशन निश्चय” के तहत महासमुंद पुलिस ने एक बार फिर अपनी कार्यकुशलता का लोहा मनवाया है। मात्र 10 घंटे के भीतर जिले के चार अलग-अलग थाना क्षेत्रों में ताबड़तोड़ छापेमारी कर पुलिस ने लगभग 6 क्विंटल 86 किलो गांजा और 700 नशीली कैप्सूल बरामद किए हैं। जब्त किए गए माल की कुल कीमत 4 करोड़ 61 लाख रुपये से अधिक आंकी गई है।

हर पैंतरे पर भारी पड़ी पुलिस की पैनी नजर

तस्करों ने पुलिस को चकमा देने के लिए ‘पैकर्स एंड मूवर्स’, ट्रक, लग्जरी कार और यहां तक कि बाइक का भी सहारा लिया, लेकिन एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) और स्थानीय पुलिस की संयुक्त चौकसी ने उनके हर मंसूबे को फेल कर दिया। पिछले तीन महीनों के आंकड़ों पर गौर करें तो पुलिस ने 40 क्विंटल से अधिक गांजा जब्त कर यह साफ कर दिया है कि जिले में अवैध कारोबार के लिए कोई जगह नहीं है।

टूट चुका है खौफनाक नेटवर्क

स्थानीय लोगों और सूत्रों की मानें तो जिले में अब अपराधियों के मन में पुलिस का भारी डर बैठ चुका है। जो शराब तस्कर पहले बेखौफ होकर बड़ी खेप खपाते थे, अब वे पुलिस की सक्रियता के कारण पूरी तरह भूमिगत हो चुके हैं। होटल और ढाबों पर होने वाली अवैध गतिविधियों पर भी पुलिस की पैनी नजर है।

टीम वर्क से मिली बड़ी सफलता

इस बड़ी कामयाबी में बसना, कोमाखान, सिंघोड़ा और महासमुंद थाना पुलिस के साथ-साथ बिलासपुर पुलिस और रायपुर कमिश्नरेट क्राइम ब्रांच का भी विशेष तालमेल देखने को मिला। अधिकारियों के सटीक मार्गदर्शन और मैदानी अमले की मुस्तैदी का ही परिणाम है कि महासमुंद अब अपराध मुक्त होने की दिशा में तेजी से बढ़ रहा है।

पुलिस प्रशासन का संदेश स्पष्ट है: महासमुंद की सीमाओं के भीतर अवैध कारोबार करने वालों का अंजाम सिर्फ जेल की कोठरी होगी।

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Prashant Pandey
Author: Prashant Pandey

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