
पिथौरा | महासमुंद, 27 मार्च 2026: चैत्र नवरात्रि के पावन पर्व पर महासमुंद जिले के पिथौरा नगर में मां दुर्गा के प्रति अगाध श्रद्धा और भक्ति का अनूठा संगम देखने को मिला। नगर के विभिन्न मंदिरों से श्रद्धापूर्वक स्थापित ‘जवारा’ (जौ) और प्रज्ज्वलित ‘अखंड ज्योत’ के विसर्जन हेतु एक भव्य और विशाल शोभायात्रा निकाली गई। ढोल-ताशों की थाप पर थिरकते श्रद्धालुओं और मां दुर्गा के जयकारों से पूरा वातावरण गूंज उठा।
श्रद्धा और भक्ति से सराबोर यह भव्य विसर्जन यात्रा नगर भ्रमण करती हुई पौराणिक और ऐतिहासिक पुरानी बस्ती स्थित प्रसिद्ध मां शीतला माता मंदिर पहुंची। यहां महाआरती के उपरांत पूरे विधि-विधान और सुचारू व्यवस्था के साथ जवारा और ज्योत का पवित्र विसर्जन पुरानी बस्ती तालाब में किया गया। हर वर्ष की परंपरा के अनुसार इस बार भी जवारा विसर्जन बड़े ही स्वस्थ और व्यवस्थित तरीके से संपन्न हुआ। ग्राम शीतला समाज और सभी धर्मप्रेमियों के उत्कृष्ट सहयोग से पूरी व्यवस्था सुचारू रूप से संचालित हुई।
अतुलनीय श्रद्धा: भारी जनसैलाब ने किया विसर्जन यात्रा का स्वागत
फोटो क्रेडिट – संचित शर्मा, मंदिर चौक, पिथौरा
विसर्जन यात्रा के दौरान भक्ति का सैलाब उमड़ पड़ा। मां दुर्गा के दर्शन और जवारा विसर्जन के साक्षी बनने के लिए महिलाओं, पुरुषों, युवाओं और बच्चों की भारी भीड़ जुटी रही। रंग-बिरंगी वेशभूषा में सजी महिलाएं सिर पर जवारा कलश और ज्योत धारण कर चल रही थीं। भारी संख्या में उपस्थित महिलाओं और पुरुषों की उपस्थिति ने इस उत्सव की भव्यता को कई गुना बढ़ा दिया। ऐसा लग रहा था कि मानो पूरा पिथौरा नगर मां दुर्गा की भक्ति में डूब गया हो।

पिथौरा के प्रमुख मंदिरों से निकलीं जवारा ज्योत विसर्जन यात्राएं
• मां परमेश्वरी धाम मंदिर: मां परमेश्वरी धाम मंदिर से भी जवारा और ज्योत के विसर्जन के लिए एक भव्य शोभायात्रा निकाली गई। मां दुर्गा के जयकारों के साथ श्रद्धालु जवारा विसर्जन के लिए पुरानी बस्ती शीतला माता मंदिर की ओर रवाना हुए।
• मां दुर्गा मंदिर मंदिर चौक: मां दुर्गा मंदिर मंदिर चौक से भी जवारा और ज्योत के विसर्जन के लिए एक विशाल शोभायात्रा निकाली गई। श्रद्धालुओं के उत्साह और भक्ति से पूरा मंदिर चौक गूंज उठा।
• मां शीतला माता मंदिर: मां शीतला माता मंदिर से भी जवारा और ज्योत के विसर्जन के लिए एक शोभायात्रा निकाली गई। मां दुर्गा के दर्शन के लिए भारी संख्या में श्रद्धालु मंदिर पहुंचे।
• मां फारेश मंदिर: मां फारेश मंदिर से भी जवारा और ज्योत के विसर्जन के लिए एक शोभायात्रा निकाली गई। श्रद्धालुओं के उत्साह और भक्ति से पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया।
• अन्य मंदिर: पिथौरा के अन्य मंदिरों एवं घरों में स्थापना किए गए जवारा और ज्योत के विसर्जन के लिए शोभायात्राएं निकाली गईं। सभी मंदिरों से निकलीं जवारा और ज्योत पुरानी बस्ती शीतला माता मंदिर पहुंचकर तालाब में विसर्जित की गईं।

पिथौरा वाले की विशेष रिपोर्ट: “पिथौरा में चैत्र नवरात्रि का यह उत्सव भक्ति, आस्था और सामुदायिक एकजुटता का एक बेजोड़ उदाहरण है। शीतला माता मंदिर से तालाब तक जवारा विसर्जन यात्रा में उमड़ा जनसैलाब यहां के लोगों की मां दुर्गा के प्रति गहरी आस्था और अटूट विश्वास को दर्शाता है। यह एक ऐसा भव्य दृश्य था जो पिथौरा के धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व को उजागर करता है। हर पल की खबर, हर रंग का उल्लास, पिथौरा वाले के साथ!”











