
रायपुर: नए वित्तीय वर्ष (2026-27) के आगाज के साथ ही छत्तीसगढ़ में आम आदमी की दैनिक जिंदगी से जुड़े कई नियम बदल गए हैं। आज यानी 1 अप्रैल से प्रदेश में महंगाई और राहत का मिला-जुला असर देखने को मिल रहा है। जहां एक तरफ जमीन-जायदाद खरीदना अब किफायती होगा, वहीं दूसरी ओर ईंधन, शराब और गैस के मोर्चे पर जनता को अधिक पैसे खर्च करने होंगे।
प्रॉपर्टी बाजार में उछाल की उम्मीद: रजिस्ट्री हुई सस्ती
रियल एस्टेट क्षेत्र को मजबूती देने के लिए सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। अब जमीन की रजिस्ट्री कराते समय लगने वाली स्टाम्प ड्यूटी पर 12% सरचार्ज को पूरी तरह खत्म कर दिया गया है। इस कटौती के बाद घर और जमीन खरीदना काफी सस्ता हो गया है, जिससे मध्यम वर्ग को बड़ी राहत मिली है।
ईंधन और शराब के शौकीनों को झटका
• पेट्रोल: प्रदेश में पेट्रोल की कीमतों में 1 रुपये प्रति लीटर की वृद्धि की गई है।
• शराब और बियर: अंग्रेजी शराब और बियर की कीमतों में भी उछाल आया है। प्रीमियम ब्रांड्स की बोतलों पर औसतन 40 से 60 रुपये तक की बढ़ोतरी हुई है।
शराब की नई रेट लिस्ट (प्रमुख ब्रांड):
| ब्रांड | मात्रा | पुरानी दर | नई दर |
| :— | :— | :— | :— |
| आइकॉन प्रीमियम व्हिस्की | 750ML | ₹440 | ₹480 |
| ऑफिसर्स चॉइस प्रेस्टिज | 750ML | ₹580 | ₹640 |
| मैकडॉवेल्स नं. 1 | 750ML | ₹700 | ₹760 |
| किंगफिशर स्ट्रॉन्ग (बियर) | 650ML | ₹180 | ₹200 |
| बडवाइजर मैग्नम (बियर) | 650ML | ₹220 | ₹240 |
कॉमर्शियल गैस सिलेंडर के दाम आसमान पर
होटल और रेस्टोरेंट संचालकों के लिए बुरी खबर है। कॉमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमतों में ₹218 का भारी इजाफा हुआ है। रायपुर में अब एक सिलेंडर लगभग ₹2300 में मिलेगा। आशंका है कि इसके चलते बाहर खाना-पीना और नाश्ता भी महंगा हो सकता है।
टोल प्लाजा पर अब सिर्फ डिजिटल पेमेंट
टोल टैक्स को लेकर नियम बेहद सख्त कर दिए गए हैं। अब नकद भुगतान (Cash) पूरी तरह बंद कर दिया गया है। यात्रा के दौरान केवल FASTag या UPI के माध्यम से ही भुगतान स्वीकार किया जाएगा। बिना FASTag वाले वाहनों को अब अधिक परेशानी और जुर्माने का सामना करना पड़ सकता है।
आयकर और रेलवे नियमों में बड़े बदलाव
1. नया आयकर कानून 2025: दशकों पुराने 1961 के कानून को हटाकर अब नया आयकर कानून प्रभावी हो गया है। ITR-3 और ITR-4 दाखिल करने की समय सीमा को बढ़ाकर 31 अगस्त कर दिया गया है।
2. रेलवे रिफंड नियम: ट्रेन टिकट कैंसिल कराने के नियमों को सख्त किया गया है। अब फुल रिफंड की प्रक्रिया के लिए ट्रेन छूटने से 8 घंटे पहले टिकट रद्द करना अनिवार्य होगा, जो पहले 4 घंटे था।











