
महासमुंद | 07 अप्रैल 2026 कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित समय-सीमा (TL) की महत्वपूर्ण बैठक में कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह ने जिले की विकास योजनाओं और प्रशासनिक कार्यों की गहन समीक्षा की। बैठक के दौरान शिक्षा के अधिकार (RTE) पर विशेष जोर देते हुए कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि सभी निजी स्कूल पहली कक्षा में निर्धारित 25 प्रतिशत सीटों पर पात्र बच्चों का प्रवेश हर हाल में सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि यह प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और ऑनलाइन होनी चाहिए, जिसकी नियमित निगरानी अनुविभागीय अधिकारी (SDM) करेंगे।
प्रमुख योजनाओं की समीक्षा और निर्देश:
• उर्वरक वितरण में पारदर्शिता: कलेक्टर ने निर्देश दिए कि यूरिया की बिक्री केवल ‘पॉस’ (POS) मशीन के जरिए ही की जाए। स्टॉक का भौतिक सत्यापन नियमित रूप से होगा और गड़बड़ी मिलने पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। कृषि विभाग ने बताया कि अब तक 80 निजी दुकानों में अनियमितताएं मिलने पर उन पर कार्रवाई जारी है।
• डिजिटल गवर्नेंस: अब जिले के सभी सरकारी कार्यालयों में ‘आधार बेस्ड अटेंडेंस’ और ‘ई-फाइल’ सिस्टम को 100% लागू करना अनिवार्य होगा।
• राशन भंडारण और चावल उत्सव: सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत जून माह तक का चावल भंडारण 13 अप्रैल तक पूरा करने का लक्ष्य दिया गया है। कलेक्टर ने जिले की सभी 593 राशन दुकानों में ‘चावल उत्सव’ मनाने के निर्देश दिए हैं।
• जल संरक्षण और ‘मोर गांव मोर पानी’: अभियान के दूसरे चरण के तहत गांवों में सोखता गड्ढे, डबरी और रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम बनाने पर जोर दिया गया। उन्होंने पीएम आवास योजना के तहत बनने वाले घरों में भी सोखता गड्ढा अनिवार्य रूप से बनाने को कहा।
• संपूर्णता अभियान 2.0: कलेक्टर ने आकांक्षी ब्लॉक के संकेतकों की समीक्षा करते हुए एक सप्ताह के भीतर सभी कमियों को दूर करने और आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों को नियमित पोषण आहार देने के निर्देश दिए।
बैठक में जिला पंचायत सीईओ श्री हेमंत नंदनवार, अपर कलेक्टर और अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित थे। कलेक्टर ने मुख्यमंत्री की घोषणाओं और जनशिकायतों के त्वरित निराकरण पर भी विशेष बल दिया।











