
रायपुर | 10 अप्रैल 2026
राजधानी रायपुर के वीआईपी रोड स्थित श्रीराम मंदिर परिसर में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के दिव्य वातावरण में मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय शामिल हुए। मुख्यमंत्री ने व्यास पीठ पर विराजित कथावाचक श्री हिमांशु कृष्ण भारद्वाज जी का आशीर्वाद लिया और भगवान श्री कृष्ण की बाल-लीलाओं व माखन चोरी के प्रसंगों का भक्तिभाव से श्रवण किया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्रदेश की सुख-शांति और उन्नति की प्रार्थना करते हुए कहा कि श्रीमद्भागवत हमें संदेश देती है कि ‘कर्म ही सच्ची पूजा है’। उन्होंने जोर देकर कहा कि मानव जीवन दुर्लभ है और इसे सच्चाई, निष्ठा और परोपकार के मार्ग पर चलकर ही सार्थक किया जा सकता है। मुख्यमंत्री ने कथा के समापन पर भगवान बांके बिहारी लाल की आरती और पूजन में भी हिस्सा लिया।
सरकार की उपलब्धियों और आध्यात्मिक महत्व पर चर्चा
संबोधन के दौरान मुख्यमंत्री ने छत्तीसगढ़ के आध्यात्मिक गौरव को याद करते हुए कहा कि यह प्रभु श्री राम का ननिहाल और माता कौशल्या की पावन धरा है। उन्होंने दंडकारण्य और माता शबरी की भूमि शिवरीनारायण का उल्लेख करते हुए कहा कि राज्य अब नक्सलवाद के अंधेरे से निकलकर प्रगति की नई रोशनी की ओर बढ़ रहा है।
उन्होंने सरकार की महत्वपूर्ण योजनाओं का जिक्र करते हुए बताया कि ‘श्री रामलला दर्शन योजना’ के तहत अब तक 42 हजार लोग अयोध्या दर्शन कर चुके हैं। साथ ही, धर्मांतरण रोकने के लिए कड़े ‘धर्म स्वातंत्र्य कानून’ और गौ-वंश के संवर्धन हेतु ‘सुरभि गौधाम योजना’ के क्रियान्वयन पर भी प्रकाश डाला।
इन जनप्रतिनिधियों की रही गरिमामयी उपस्थिति
इस धार्मिक अनुष्ठान में मुख्यमंत्री के साथ मंत्रिमंडल के सदस्य और वरिष्ठ विधायक भी उपस्थित रहे, जिनमें:
• श्री रामविचार नेताम (कृषि मंत्री)
• श्री श्याम बिहारी जायसवाल (स्वास्थ्य मंत्री)
• श्री राजेश अग्रवाल (संस्कृति मंत्री)
• गुरु खुशवंत साहेब (कौशल विकास मंत्री)
• श्री पुरंदर मिश्रा (विधायक)
• श्री हिमांशु द्विवेदी
• श्री सुनील रामदास अग्रवाल
आयोजन में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की उपस्थिति ने वातावरण को पूरी तरह भक्तिमय बनाए रखा।











